आरक्षण तो मिल गया, पर ‘आज़ादी’ कब? चलम की किताब से पीएम मोदी के संकल्प तक का सच
चलम ने अपनी रचनाओं में स्त्री को केवल माता, पत्नी या बहन के पारंपरिक रूपों में सीमित करने से इनकार किया. उन्होंने स्त्री को एक स्वतंत्र, इच्छाशक्ति-संपन्न और कामुक व्यक्ति के रूप में प्रस्तुत किया.
समय के स्वामी महाकाल: उज्जैन को वैश्विक समय मानक बनाने के पीछे क्या है तर्क, धर्मेंद्र प्रधान के प्रस्ताव का पूरा विश्लेषण
केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने 'महाकाल: द मास्टर ऑफ टाइम' सम्मेलन में GMT की जगह MST (Mahakal Standard Time) का प्रस्ताव रखकर एक नई वैश्विक बहस छेड़ दी है.
अमरीका ईरान युद्ध और भारत: पूर्व सैनिकों की चिंता !
मार्च 2026 में ईरान-अमेरिका-इजराइल युद्ध के चलते तेल की कीमतें रिकॉर्ड स्तर पर पहुंच गईं. मेजर जनरल जी डी बख्शी ने इसे असममित युद्ध बताया. भारत के अमेरिका-इजराइल के साथ खड़े होने पर रणनीतिक स्वायत्तता पर बहस छिड़ गई है.
क्या सुरक्षा केवल कानून है? अंशु हर्ष की ‘इच्छा मृत्यु’ ने उठाया सवाल, सुप्रीम कोर्ट के फैसले के बीच गूंजी बेजुबान आवाज़ें
अंशु हर्ष की पुस्तक ‘इच्छा मृत्यु: पैसिव यूथेनेशिया’ सुप्रीम कोर्ट के फैसलों की पृष्ठभूमि में गरिमापूर्ण मृत्यु के अधिकार, नैतिक सवालों और मानवीय संवेदनाओं को गहराई से सामने लाती है.
अमेरिका-ईरान युद्ध का भारत पर प्रभाव
US Israel Iran conflict: 28 फरवरी 2026 से शुरू हुए अमेरिका और इज़राइल के ईरान पर हमलों ने संघर्ष को युद्ध का रूप दे दिया है. होर्मुज स्ट्रेट बंद होने से तेल की कीमतें 100 डॉलर पार कर गईं.
काठमांडू बनाम दिल्ली !
काठमांडू की साफ-सुथरी सड़कों, शौचालयों और ट्रैफिक व्यवस्था ने दिल्ली को पीछे छोड़ दिया है. वहीं भारत का ‘स्वच्छ भारत अभियान’ प्रचार के बावजूद जमीनी स्तर पर कमजोर दिखता है.
राजकमल प्रकाशन के 81वें स्थापना दिवस पर ‘सहयात्रा उत्सव’: युवा वक्ताओं ने उठाए लोकतंत्र, उर्दू अदब और डायन प्रथा जैसे गंभीर मुद्दे
राजकमल प्रकाशन के 81वें स्थापना दिवस पर आयोजित ‘सहयात्रा उत्सव’ में साहित्य और समाज से जुड़े मुद्दों पर गंभीर संवाद हुआ.
भारत के विमानन क्षेत्र को सुरक्षित कैसे बनाया जाए?
हाल ही में बरामती, झारखंड और अंडमान में हुए निजी चार्टर विमान हादसों ने सुरक्षा मानकों की पोल खोल दी है. डीजीसीए की कमजोर निगरानी और भ्रष्टाचार के आरोपों ने यात्रियों की सुरक्षा को खतरे में डाल दिया है.
चीन की ‘डेब्ट ट्रैप डिप्लोमेसी’ और अफ्रीका में बंदरगाहों पर बढ़ता प्रभाव
अफ्रीका में चीन की बढ़ती बंदरगाह मौजूदगी ने ‘डेब्ट ट्रैप डिप्लोमेसी’ की बहस तेज कर दी है. निवेश, कर्ज और रणनीतिक नियंत्रण के बीच संप्रभुता पर सवाल खड़े हो रहे हैं.
साइबर अपराध का बढ़ता आतंक और लाचार सरकारी तंत्र!
दिल्ली के ग्रेटर कैलाश में एनआरआई दंपत्ति से ‘डिजिटल अरेस्ट’ के नाम पर 14.85 करोड़ रुपये ठगे गए. यह भारत में बढ़ते साइबर अपराध का बड़ा उदाहरण है, जहां ठग खुद को अधिकारी बताकर बुजुर्गों और शिक्षितों को निशाना बना रहे हैं







