क्या इन्होंने कभी मौलवियों को बुलाया है
क्या उनसे बुर्के के फायदे पूछे हैं
क्या हलाला शोषण है ये पूछा है
क्या नमाज रोड पर पड़ना सही है पूछा है
हिंदुओं का मजाक बनाना आम बात हो गयी है और ये इन धर्मगुरुओं को भी समझना चाहिए, इनको कहीं भी नहीं जाना चाहिए।
जिस तरह इज़रायल जेहादियों को निपटा रहा है उस हिसाब से तो जन्नत में बहत्तर हूरों की कमी हो जाएगी
तू जल्दी से चला जा नहीं तो तुझे बहत्तर हूर भी नहीं मिल पायेंगी